सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

बुढ़ापा रोकने की दवा। जल्दी बुढ़ापा आने के कारण। बुढ़ापा रोकने के घरेलू उपाय

 

बुढ़ापा रोकने की दवा।जल्दी बुढ़ापा आने के कारण।बुढ़ापा रोकने के घरेलू उपाय
बुढ़ापा रोकने की दवा :

सामान्य दिनचर्या के अभाव तथा गलत आदतों के कारण हम जल्दी बूढ़े होने लगते हैं।इन्हीं कारणों से हमारे आस पास के लोग और दोस्त हमें ताना देने लगते हैं और कहने लगते हैं कि ये क्या हाल बना रखा है...? वक्त से पहले ही बूढ़े हो चले, तब हमको आत्मग्लानि होने लगती है। दोस्तों आज हम आपको कुछ ऐसी टिप्स बताते हैं जिन्हे अपना कर आप पहले से ठीक हो सकते हैं और 40/ 50 की उम्र में जवान दिखने लगेंगे।

बुरी आदतों को छोड़ें :

जाने अंजाने में हम कुछ बुरी आदतों के शिकार हो जाते हैं जिसके कारण हम जल्दी बूढ़े होने लगते हैं ये आदतें बीड़ी सिगरेट, खैनी, मदिरा पान अधिक चिकनी चुपड़ी चीजों का इस्तेमाल आदि। इन बुरी आदतों के चलते आप बीमार तथा अपनी एजिंग प्रोसेस को और बढ़ा लेते हैं लिहाजा आप कम उम्र में ही बूढ़े दिखने लगते हैं।

निष्क्रिय जीवन यापन :

कुछ लोग शुरू से आलसी प्रवृत्ति के होते हैं अपना काम भी दूसरों के भरोसे छोड़ देते हैं साथ ही लेटे या बैठे रहते हैं यही आलसी प्रवृत्ति निष्क्रिय जीवन कहलाता है, जिससे आप कम उम्र में ही बूढ़े होने लगते हैं। आपको चाहिए कि अपना काम खुद करें, समय पर सोएं समय पर जागें, समय पर योग तथा कसरत करें ताकि आप चुस्त दुरस्त रहें इससे आपकी स्टैमिना तो बढ़ती ही है साथ ही भोजन भी ठीक प्रकार से पचने लगता है।

चिंता और तनाव :

चिंता या तनाव करने से आप बीमार होने लगते हैं लिहाजा जल्दी बूढ़े होने लगते हैं, एक कहावत है चिंता चिता से बढ़कर होती है। अतः अपने सफलता के लिए भरपूर प्रयास करें ऐसा हो ही नहीं सकता कि आप सफल न हों तो फिर चिन्ता करना बेवकूफी है। चिंता साइलेंट किलर है।हमेशा खुश रहें और अपने कामों को समय पर करें ताकि आपका जीवन लचीला रहे।

भरपूर नींद न लेना :

अधिक व्यस्तता के कारण लोग अपनी भरपूर नींद नहीं ले पाते जिसके फलस्वरूप आप बीमार पड़ने लगते हैं यही बीमारी आपके यौवन को नुकसान देती है अतः समय के साथ चलें ज्यादा काम करना, ज्यादा सोना भी ठीक नहीं होता इससे आप अकर्मण्य हो सकते हैं एक स्वस्थ जीवन जीने के लिए 6 से 8 घंटे की नींद प्रतिदिन लेना आवश्यक है। 

अच्छा आहार का न लेना :

हमेशा सुपाच्य और पौष्टिक भोजन आपके स्वस्थ जीवन का कारण बनता है। ऐसा भोजन आपको लंबे समय तक स्वस्थ जीवन जीने में मददगार साबित होता है। अतः आपको उचित और संतुलित भोजन ही करना चाहिए ताकि आप हमेशा जवान दिखें। सोडा, प्रोसेस्ड फूड जंक फूड ऑयली फूड आपको जल्दी बीमार कर देते हैं अतः इनका सेवन बंद करें।

गलत भावनाएं और आपका स्वास्थ्य :

हमेशा अच्छी भावनाएं तथा धार्मिक जीवन आपको स्वस्थ जीवन जीने के लिए प्रेरित करता है। कुछ लोग 60 वर्ष पूरे होने के बाद अपने आपको रिटायर्ड बताने लगते हैं जबकि यह जीवन ही कुछ ज्यादा करने के लिए अच्छा समय होता हैं क्यों कि अब आप परिपक्व हो चुके होते हैं। उम्र आपको कभी कार्य करने के लिए नहीं रोकती अतः हमेशा अपने जीवन को क्रियाशील बनाएं कुछ बुढ़ापे की निशानियां आने पर आप होम्योपैथिक चिकत्सक से सलाह लें वे आपको एंटीएजिंग दवाओं को लेने की सलाह दे सकते हैं।

सुबह की सैर जरूर करें :

स्वस्थ जीवन जीने के लिए सुबह तड़के उठें ताकि सुबह के समय नंगे पैर किसी पार्क में जाकर चहल कदमी कर सकें। सुबह का उठना और चहल कदमी करना आपको 10 साल जीने का मौका देता है अतः सुबह जल्दी उठकर हरियाली को निहारें, चहल कदमी करके अपने जीवन को समय से पहले बूढ़े होने से बचा जा सकते हैं।

देश दुनियां की खबरों से रहें अपडेट :

अखबार, इंटरनेट, पत्रिकाएं, टेलीविजन से देश विदेश की खबरों से रहें अपडेट ताकि पूरी दुनियां से से जुड़े रहें इससे कभी आप अकेला महसूस नहीं कर पाएंगे साथ ही आप ज्ञान अर्जन भी कर पाएंगे। अकेलापन मनुष्य को निष्क्रिय बना देता है एक वैज्ञानिक अध्ययन में पाया गया कि अकेलापन जल्दी बुढ़ापा ला देता है।

नकारात्मक विचारों को त्यागें :

 सकारात्मक विचारों को हमेशा संजोए रहें वहीं नकारात्मक विचार आपको अंदर ही अंदर कुछ न करने की प्रेरणा प्रदान करेंगे। सकारात्मक विचार वाला व्यक्ति हमेशा आशाओं पर जीता है आशाओं को न छोड़ें आस पास के लोगों को भी मोटिवेटेड करें साथ ही अपने अनुभवों को युवाओं को साझा करें। सकारात्मक विचारों से लबरेज व्यक्ति हमेशा अपने आपको ताकतवर समझता है वहीं नकारात्मक विचारों वाला व्यक्ति हमेशा सबके सामने झुका रहता है। अपनी पिछली गलतियों को लोगों तक बिना झिजक ले जाएं जिससे लोगों को सबक मिल सके।अपने मनोबल को बढ़ने के लिए यात्राओं का सहारा लेने छोटी मोटी पार्टी एंजॉय करें तथा लोगों को भी कराएं।  बच्चों के साथ खेलें, पढ़ें, पढ़ाएं इससे आपकी उदासी दूर हो जाएगी हमेशा तरोताजा और प्रफुल्लित रहेंगे।

जीवन का उद्देश्य बनाएं :

हमे अपने जीवन का एक उद्देश्य निश्चित करना चाहिए, ईश्वर ने आपके जीवन को इस लिए नहीं दिया कि आप चारदीवारी में रहें समय समय पर अपने हर उद्देश्य को पाने के लिए भरसक प्रयास करें। उद्देश्य विहीन जीवन कोई जीवन नहीं होता आप अपने उद्देश्य की चाह हमेशा रखें ताकि आप आगे बढ़ सकें। हमेशा अपना लक्ष्य बनाएं और उसको प्राप्त करने के लिए कृत्संकल्प रहें।

दोस्तों आपने ऊपर पढ़ा होगा बुढ़ापा रोकने की दवा,जल्दी बुढ़ापा आने के कारण,बुढ़ापा रोकने के घरेलू उपाय के सन्दर्भ में बुरी आदतों को कैसे छोड़ें,निष्क्रीय जीवन यापन, चिंता या तनाव, भरपूर नींद का लेना,अच्छा आहार लेना, गलत भावनाएं और आपका स्वास्थ्य, सुबह की सैर, देश दुनियां की खबरों से रहें अपडेट,नकारात्मक विचारों का त्याग, जीवन का उद्देश्य समझें आदि।





टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

Eye Flue

जानें आई फ्लू ( Eye Flue ) के बारे में : दोस्तों बरसात में कई प्रकार के संक्रमण हो जाते हैं जिनमें आई फ्लू एक प्रकार का आंखों में होने वाला रोग है, जो इन्फेक्शन पैदा करने वाले वायरस के कारण होता है। आई फ्लू को Conjuctivites भी कहा जाता है। आई फ्लू से ग्रसित मरीजों में आंखों से पानी आना, जलन होना, किंचड़ आना, आंखों की झिल्ली में सूजन व दर्द होना आदि लक्षण होते हैं। यह किसी को भी हो सकता है, इसकी एक खासियत है कि एक व्यक्ति जिसे यह रोग होता है वो आस पास के लोगों में भी फैला देता है, अतः रोगी को चाहिए कि वह लोगों के संपर्क से दूर रहे या चश्मा लगाकर रहें। ताकि दूसरों को इससे बचाव हो पाए। आई फ्लू कैसे फैलता है ? 1. यह वायरस सर्दी जुकाम होने से फैल सकता है। 2. यह संक्रमण हवा के संपर्क से नहीं फैलता, बल्कि संक्रमित सतह छूने से फैलता है। 3. संक्रमित व्यक्ति का तौलिया या निजी समान को प्रयोग करने से फैलता है अतः संक्रमित व्यक्ति की निजी वस्तुओं को न छूएं। 4. चश्मा लगाने वाले व्यक्ति जो संक्रमित है उसका चश्मा कदापि न छुएं। 5. संक्रमित व्यक्ति से बात चीत करते समय उसकी आंखों की तरफ टकटकी लगाकर...

बार बार मुंह में छाले होना ( Mouth Ulcer)

Mouth Ulcer Mouth Ulcer जिन्हें   छाले  भी कहा जाता है यह एक आम समस्या है, ऐसा कोई भी व्यक्ति नहीं है जो इसे जनता न हो ।यह कोई खास समस्या तो है नहीं परंतु  छालों  का बार होना गंभीर समस्या हो सकती है अतः किसी योग्य चिकित्सक से परामर्शकर पूरी जांच के साथ इलाज लेना चाहिए। छाले   कई प्रकार के हो सकते हैं बहुधा लाल और सफेद रंग के  मुंह के अंदर जीभ में, गालों में, गले में भी पाए जाते हैं। छालों में दर्द और जलन भी होती है अतः इसका उपचार तुरंत लेना चाहिए कभी कभी छाले खुद ही मुंह की लार से चले जाते हैं परंतु 5 दिन से ऊपर हो जाने पर ये खुद से ठीक न हों तो इसका उपचार करना चाहिए। मुंह में छाले होने के कारण : मुंह में छाले होने के कारण भिन्न भिन्न होते है। जब कभी खाना खाते समय जीभ दांतों के बीच आ जाती है तो जीभ में कट लग जाता है लिहाजा जीभ में घाव हो जाता है यही गालों में दांत लग जाने से, मंजन करते समय ब्रश से मसूड़े छिल जाने से, पानी कम पीने से, पेट का ठीक तरह से साफ न होने से, ज्यादा गर्म दवाई खाने से, विटामिन सी की कमी से, पेट की गर्मी से, कब्ज होने से छाले हो जाते हैं। मुंह में छाले होने से बचा...